
छिंदवाडा। अंततः 16 साल बाद अमरवाड़ा विधानसभा में कमल खिल गया। कमल खिलवाने में मध्यप्रदेश की केबिनेट मंत्री श्रीमती सम्पत्तिया उइके की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पार्टी ने उन्हें उपचुनाव के लिये प्रभारी मनोनीत किया था। उनके कुशल नेतृत्व में पार्टी ने कड़े मुकाबले में जीत हासिल की है।
लोकसभा चुनाव में कांग्रेस विधायक कमलेश शाह के इस्तीफा देने के बाद खाली हुई अमरवाड़ा सीट को भाजपा ने जीत लिया है। अमरवाड़ा सीट पर भाजपा ने कांग्रेस के बागी विधायक कमलेश शाह को अपना उम्मीदवार बनाया था। श्री शाह ने उपचुनाव में कांग्रेस धीरेन शाह को लगभग 3252 वोटों से हराकर उपचुनाव जीत लिया है। भाजपा की जीत के साथ ही 16 साल का सूखा भी खत्म हो गया। फिर भले ही भाजपा को यह फतह कांग्रेस के बागी ने ही क्यों न दिलाई हों। भाजपा की जीत में केबिनेट मंत्री श्रीमती सम्पत्तियां उइके की उल्लेखनीय भूमिका रही। उन्हें यहां काफी मेहनत की और उसका परिणाम भाजपा के फेवर में रहा। यहां बता दें कि पार्टी ने मंत्री श्रीमती उइके को उपचुनाव के लिये प्रभारी बनाया था।

